
ब्यूरो चीफ- पुष्कर रस्तोगी
चंदौली, 23 जुलाई। (समाचार टुडे)आगामी कांवड़ यात्रा को सुरक्षित, स्वच्छ एवं व्यवस्थित बनाने के लिए चंदौली प्रशासन ने खाद्य सुरक्षा व्यवस्था को लेकर व्यापक अभियान शुरू कर दिया है। शासन एवं जिलाधिकारी चंद्र मोहन गर्ग के निर्देश पर खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग यात्रा मार्ग पर स्थित होटल, ढाबों, मिठाई की दुकानों तथा अन्य खाद्य प्रतिष्ठानों की लगातार निगरानी कर रहा है।
श्रद्धालुओं को गुणवत्तापूर्ण एवं सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के उद्देश्य से कांवड़ यात्रा मार्ग पर स्थित सभी खाद्य प्रतिष्ठानों पर ‘फूड सेफ्टी कनेक्ट’ साइनेज लगाए गए हैं। इन पर उपलब्ध क्यूआर कोड (QR Code) को स्कैन कर अथवा फूड सेफ्टी कनेक्ट ऐप के माध्यम से श्रद्धालु एवं आम नागरिक खाद्य सामग्री की गुणवत्ता को लेकर अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं तथा फीडबैक भी दे सकते हैं।
सहायक आयुक्त (खाद्य द्वितीय) धीरेंद्र प्रताप सिंह के नेतृत्व में विभागीय अधिकारी कांवड़ यात्रा मार्ग एवं प्रमुख धार्मिक स्थलों के आसपास स्थित होटल, ढाबों और खाद्य दुकानों का नियमित निरीक्षण कर रहे हैं। निरीक्षण के दौरान सभी दुकानदारों को अपनी रेट लिस्ट प्रमुखता से प्रदर्शित करने, निर्धारित मूल्य पर ही खाद्य सामग्री बेचने तथा किसी भी प्रकार की ओवररेटिंग न करने के सख्त निर्देश दिए गए हैं।
इसके अलावा यात्रा मार्ग पर लगाए जाने वाले भंडारों में वितरित होने वाले प्रसाद एवं भोजन की गुणवत्ता की भी जांच की जा रही है। आयोजकों को स्वच्छता एवं खाद्य सुरक्षा के प्रति जागरूक करते हुए प्लास्टिक एवं थर्माकोल से बने दोने, पत्तल, गिलास और अन्य डिस्पोजेबल सामग्री के उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
खाद्य सुरक्षा विभाग संभावित मिलावटखोरी पर भी पैनी नजर बनाए हुए है। मिलावटी खाद्य पदार्थों के निर्माण एवं बिक्री की आशंका वाले स्थलों की लगातार निगरानी की जा रही है, ताकि समय रहते प्रभावी प्रवर्तन कार्रवाई की जा सके।
विभाग ने आमजन एवं श्रद्धालुओं से अपील की है कि यदि उन्हें खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता या मूल्य को लेकर किसी प्रकार की शिकायत हो तो वे विभाग के टोल फ्री नंबर 1800-180-5533 पर तत्काल शिकायत दर्ज कराएं।
सहायक आयुक्त (खाद्य द्वितीय) धीरेंद्र प्रताप सिंह ने सभी खाद्य कारोबारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि कांवड़ यात्रा के दौरान खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता एवं स्वच्छता के साथ किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यदि किसी प्रतिष्ठान पर मिलावट, ओवररेटिंग अथवा खाद्य सुरक्षा मानकों के उल्लंघन की पुष्टि होती है, तो खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम-2006 के तहत संबंधित के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।











